दीघा थाना क्षेत्र के नामचीन कॉन्वेंट स्कूल के 10वीं के छात्र ने साथियों के साथ मिलकर अपने ही स्कूल के सीनियर छात्र को फिल्मी स्टाइल में अपहरण कर लिया।
स्कॉर्पियो से छात्र को अपहरण कर सभी गंगा किनारे ले गए और एक घंटे बंधक बनाकर उसे पीटते रहे। पुलिस की दबिश व घेराव को देखते हुए आरोपित छात्रों ने उसे स्कूल के गेट पर छोड़ कर फरार हो गए। पुलिस की गाड़ी देखकर सभी अटल पथ पर ही स्कॉर्पियो को छोड़कर फरार हो गए। घटना गुरुवार को उस समय हुई जब दसवीं पासआउट नाबालिग छात्र स्कूल से अपना सर्टिफिकेट लेने के लिए आया था।
इस दौरान स्कूल के जूनियर छात्रों ने जबरन गाड़ी में बिठाकर अगवा कर लिया। बीच सड़क पर हुई इस वारदात को लोगों ने फिरौती या दुश्मनी में किया गया अपहरण समझकर पुलिस को इसकी सूचना दी।
सूचना मिलते ही पुलिस के वरीय अधिकारी और स्थानीय पुलिस तुरंत हरकत में आई। पुलिस ने स्कॉर्पियो को कब्जे में लेकर छात्र को भी सकुशल बरामद कर लिया। बेटे के अपहरण की सूचना मिलते ही पिता दीघा थाना पहुंच गए। अपह्रत छात्र के पिता कारोबारी हैं।
पुलिस जांच और पीड़ित के बयानों से साफ हुआ कि यह मामला दो गुटों के बीच का है। पीड़ित छात्र (16 वर्ष) इसी साल 10वीं पास कर चुका है और गुरुवार को दोपहर करीब 12 से 1:00 बजे के बीच अपना मार्कशीट और ट्रांसफर सर्टिफिकेट (टीसी) लेने आया था।
इस सीनियर छात्र का वहीं पढ़ने वाले 10वीं कक्षा के एक जूनियर छात्र से पुराना विवाद चल रहा था। एक महीने पहले भी दोनों के बीच मारपीट हुई थी, जिसके बाद प्रबंधन ने दोनों को एक-एक महीने के लिए निलंबित कर दिया था।
इसी निलंबन की खुन्नस में जूनियर छात्र ने सीनियर को सबक सिखाने की साजिश रची थी। गुरुवार को जैसे ही सीनियर छात्र टीसी लेकर मेन गेट से बाहर निकला, वहां पहले से घात लगाए जूनियर छात्र ने अपने 15 से 20 साथियों को बुला लिया।
आरोपित एक स्कॉर्पियो कार से आए थे। उन्होंने सीनियर छात्र को जबरन दबोचा और कार में खींचकर बिठा लिया। आरोपित उसे गंगा किनारे किसी सुनसान घाट पर ले गए और करीब एक घंटे तक बंधक बनाकर रखा।
वहां सीनियर छात्र के साथ जमकर मारपीट की गई और उसे जबरन माफी मांगने पर मजबूर किया गया। घंटों प्रताड़ित करने और माफी मंगवाने के बाद आरोपित छात्र उसे अटल पथ के पास छोड़कर फरार हो गए।
एएसपी विधि व्यवस्था (वन व टू प्रभारी) कृष्ण मुरारी प्रसाद ने बताया कि यह मामला प्राथमिक जांच में अपहरण का नहीं, बल्कि आपसी गुटबाजी का प्रतीत हो रहा है।
पुलिस कई पहलुओं पर जांच कर रही है। हालांकि, गुरुवार की शाम तक पीड़ित पक्ष की ओर से लिखित आवेदन नहीं मिला है। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त कार को जब्त कर अपने स्तर से आगे की कार्रवाई में जुट गई है।
एएसपी ने बच्चों के अनुशासन पर सवाल उठाते हुए कहा कि इस मामले में स्कूल प्रबंधन से भी पूछताछ की जाएगी। सीसीटीवी फुटेज खंगाला जाएगा।
