May 26, 2026
image (7)

बिहार की 652 कमांडो बेटियां आतंकियों को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं। इनका मानना है कि यदि आतंकियों ने थोड़ी भी गुस्ताखी की, तो उनका अंत निश्चित है।
मोकामाघाट ग्रुप सेंटर से लगभग 270 दिनों की कठिन कमांडो ट्रेनिंग के बाद, इन बेटियों ने सोमवार को शपथ ली कि वे आतंकियों को मौत की नींद सुलाने और देश की सुरक्षा को बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध हैं। सोमवार को आयोजित दीक्षा परेड सह शपथ ग्रहण समारोह में इन बेटियों ने आतंकियों को पल भर में मार गिराने का शानदार प्रदर्शन कर सभी का दिल जीत लिया। इस समारोह के मुख्य अतिथि बिहार के पुलिस महानिदेशक (प्रशिक्षण) निर्मल कुमार आजाद, बिहार सेक्टर सीआरपीएफ के पुलिस महानिरीक्षक राजकुमार, ग्रुप केंद्र के डीआइजी रविंद्र भगत, पटना के ग्रामीण एसपी कुंदन कुमार समेत कई आइपीएस अधिकारी, बिहार पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी, सीआरपीएफ के सभी अधिकारी, कमांडो बेटियों के माता-पिता और मोकामा के हजारों दर्शक उपस्थित थे। कड़ी धूप के बावजूद, ग्रुप केंद्र में आयोजित इस समारोह में कमांडो बेटियों ने कदमताल करते हुए परेड की सलामी दी। मुख्य अतिथि निर्मल कुमार आजाद और राजकुमार ने परेड का निरीक्षण किया।
इस ऐतिहासिक समारोह में बिहार विशेष पुलिस सशस्त्र बल की बेटियों के प्रदर्शित हौसले और जज्बे को देखकर उनके माता-पिता भावुक हो गए।
दीक्षा समारोह को संबोधित करते हुए पुलिस महानिदेशक निर्मल कुमार आजाद ने कहा कि प्रशिक्षित बेटियां राज्य की शांति, सुरक्षा और व्यवस्था को सुदृढ़ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। उन्होंने इस दीक्षा समारोह को गौरवपूर्ण ऐतिहासिक क्षण बताया। बिहार सेक्टर सीआरपीएफ के पुलिस महानिरीक्षक राजकुमार ने भी समारोह को संबोधित करते हुए उम्मीद जताई कि प्रशिक्षित बेटियां अपने कार्य क्षेत्र में जिम्मेदारी उठाने के लिए तत्पर हैं। समारोह के समापन पर जब कमांडो बेटियां अपने माता-पिता से मिलीं, तो सभी भावुक हो गए। बेटियों ने अपने सिर की पगड़ी अपने पिता को पहनाई, जिससे उनकी खुशी और बढ़ गई। इस अवसर पर सर्वश्रेष्ठ छह कमांडो बेटियों जूही, निशा, स्वीटी, अंजना, साक्षी और दीपा राज को सम्मानित भी किया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *