जिले के वासुदेवपुर थाना क्षेत्र स्थित श्यामपुर गंगा घाट पर बुधवार को स्नान के दौरान गहरे पानी में जाने से पांच बच्चियां गंगा में डूब गईं। इनमें बकचपड़ा (श्यामपुर) निवासी क्रांति पासवान की चार सगी बेटियां संगीता, बिनीता, संध्या और सोनम के अलावा चमकलाल पासवान की बेटी हिना शामिल हैं। वहीं, टीकारामपुर घाट पर स्नान के दौरान डूबने से सुबोध कुमार सिंह के पुत्र पियुष कुमार पटेल (16) की मौत हो गई। जिलाधिकारी के निर्देश पर एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय गोताखोरों की टीम मौके पर पहुंचकर लापता बच्चियों की सघन तलाश में जुटी है। घाट पर उमड़ी भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल तैनात रही। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय गोताखोरों ने क्रांति पासवान की पुत्री संगीता कुमारी (18) संध्या कुमारी (14) सोनाली कुमारी (12) और चमकलाल पासवान की पुत्री हीना पासवान (19) का शव घंटों मशक्कत के बाद बरामद किया। वहीं, पांचवें विनीता कुमारी के शव की खोज चली रही है। बरामद सभी शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेजा गया। इधर, घटना के बाद घाट पर चीख-पुकार और कोहराम का माहौल बन गया। बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर जुट गए। ग्रामीणों ने बताया कि चमकलाल पासवान के बेटे की नौकरी बिहार पुलिस में हुई है। दो दिन पहले योगदान के लिए गया था। इस उपलक्ष्य में चमकलाल के घर पूजा थी। पूजा को लेकर क्रांति पासवान की चार बेटियां और चमनलाल की एक बेटी गंगा स्नान करने जल लाने श्यामपुर घाट पहुंची थीं। स्नान के दौरान सभी बच्चियां अचानक गहरे पानी में चली गईं और देखते ही देखते लापता हो गईं। घाट पर मौजूद लोगों ने बच्चियों को बचाने का प्रयास किया, लेकिन तेज धारा के कारण सफलता नहीं मिली।
क्रांति पासवान को सात पुत्रियां और दो पुत्र हैं। इसमें से चार पुत्रियों के गंगा में डूब जाने के बाद अब दो पुत्र और एक पुत्री बची है। वहीं चमकलाल पासवान को दो पुत्री और एक पुत्र था। सबसे छोटी पुत्री हीना के गंगा में डूबने के बाद अब एक पुत्र और एक पुत्री बची है। चमकलाल का बेटे की नौकरी बिहार पुलिस में हुई है। एक बड़ी बेटी की शादी हो चुकी है। बड़ी घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। गंगा में डूबकर जान गंवाने वाली हीना पासवान और क्रांति पासवान की बड़ी बेटी संगीता कुमारी मुंगेर विवि के बीआरएम कालेज में स्नातक पार्ट एक छात्रा थी। दोनों पढ़ाई में काफी अव्वल थी। टीकारामपुर निवासी अधिवक्ता सुबोध कुमार सिंह का पुत्र पीयूष पटेल छोटे भाई अविनाश पटेल और चचेरा भाई शिवराज के साथ गंगा स्नान करने टीकारामपुर गंगा घाट गया था। स्नान के दौरान गहरे पानी में चले जाने के कारण अविनाश और शिवराज डूबने लगे।
दोनों को डूबता देख पीयूष दोनों को बचाने की नीयत से गंगा की तेज धारा में कूद पड़ा और वह भी डूबने लगा। शोर-शराबा सुन आसपास के ग्रामीण पहुंचे और गोताखोरों की मदद से डूब रहेे तीनों को बाहर निकाला गया।
इसमें से अविनाश की स्थिति ठीक रहने पर उसे स्वजन घर ले गए। जबकि पीयूष और शिवराज को इलाज के लिए सदर अस्पताल लाया। जहां डाक्टर ने पीयूष को मृत घोषित कर दिया।
