झारखंड में गंडा जाति को अनुसूचित जाति (एससी) की श्रेणी में शामिल करने की मांग को लेकर रविवार, 23 अगस्त को बोकारो के सेक्टर सी/1 स्थित राम मंदिर के निकट गंडा समाज की ओर से जागरूकता अभियान चलाया गया। अभियान का नेतृत्व राज क्लब गंडा समाज के अध्यक्ष नरेश कुमार टांडिया ने किया। कार्यक्रम में बोकारो में रहने वाले गंडा समाज के बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
इस अवसर पर नरेश कुमार टांडिया ने कहा कि झारखंड में गंडा जाति को अनुसूचित जाति का दर्जा नहीं मिलने के कारण समाज के बच्चों की पढ़ाई और युवाओं को सरकारी नौकरी में कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि जब तक गंडा जाति का प्रमाण पत्र जारी नहीं होगा, तब तक समाज के लोगों की समस्याएं बनी रहेंगी।
उन्होंने झारखंड सरकार से मांग की कि ओडिशा, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र की तर्ज पर झारखंड में भी गंडा जाति को अनुसूचित जाति का दर्जा दिया जाए।
महिला अध्यक्ष लक्ष्मी महानन्द ने समाज की महिलाओं से अपने और अपने बच्चों के हक-अधिकार के लिए एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यदि सरकार उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं करती है, तो समाज को जोरदार आंदोलन करने के लिए बाध्य होना पड़ेगा।
बोकारो गंडा समाज के अध्यक्ष गोपी हरिपाल ने समाज की मांगों को लेकर हरसंभव सहयोग करने का आश्वासन दिया। अभियान में सुरेश दीप, सुनील नाग, सागर सोना, राजू नाग, रवि महानन्द, विजय नाग, दिलीप कुमार सुना, रजनी बाग, संध्या सोना, पुतुल राजहंस, सुनीता कुंडू, रतन नाग, अनिल बारिक, निर्मल बारिक, जगदीश छुरा, उग्रसेन दीप, सोनू बाग, राजदेव, प्रशांत पाल, भोला पाल, नमिता सोना, सजनी पाल और सखी देवी समेत अन्य लोग मौजूद थे।
