February 5, 2026
saouth african

भारतीय बाज़ार के प्रति अपनी दीर्घकालिक प्रतिबद्धता को और मज़बूत करते हुए, साउथ अफ्रीकन टूरिज़्म ने अपने 22वें वार्षिक ‘इंडिया मल्टी-सिटी रोडशो 2026’ की घोषणा की है। इसकी शुरुआत भारत की प्रमुख ट्रैवल प्रदर्शनी ‘आउटबाउंड ट्रैवल मार्ट’ मुंबई 2026 के साथ होगी, जो पर्यटन उद्योग में सहयोग के नए द्वार खोलेगी। भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच मज़बूत कारोबारी रिश्तों, बिज़नेस ट्रैवल की मांग और दोस्तों व रिश्तेदारों से मिलने के बढ़ते चलन के कारण दोनों देशों के बीच यात्रा में लगातार बढ़ोतरी देखी जा रही है। ऐसे में यह रोडशो पर्यटन साझीदारी को सशक्त करने और दोनों तरफ से पर्यटन को बढ़ावा देने का एक अहम मंच बनेगा। रोडशो का आयोजन 5 से 7 फरवरी 2026 तक मुंबई में होगा, जिसके बाद 9 से 12 फरवरी 2026 के बीच यह बेंगलुरु, अहमदाबाद, कोलकाता और दिल्ली पहुँचेगा।

दक्षिण अफ्रीका के लिए भारत एक प्राथमिकता वाला ‘सोर्स मार्केट’ बना हुआ है। इस रोडशो के दौरान भारतीय ट्रैवल पार्टनर्स को नेटवर्किंग के बेहतर अवसर, डेस्टिनेशन की नई जानकारी और दक्षिण अफ्रीका के पर्यटन दिग्गजों से सीधे संवाद का मौका मिलेगा। इस 22वें संस्करण में भारत के लिए एक नवीनतम  मार्केट रणनीति पेश की जाएगी, जिसमें यात्रियों की बदलती पसंद, नए ट्रैवल सेगमेंट्स और क्षेत्रीय अनुभवों पर ध्यान दिया जाएगा। इस पहल का नेतृत्व श्री गोबानी मैनकोट्या (रीजनल जनरल मैनेजर – एशिया, ऑस्ट्रेलिया और मिडिल ईस्ट) करेंगे, जिसका लक्ष्य पिछले वर्षों की सफलता को आगे बढ़ाना है।

इस रोडशो में दक्षिण अफ्रीका के 41 से अधिक प्रदर्शक भाग लेंगे, जिनमें 8 एसएमएमई शामिल हैं। यह साउथ अफ्रीकन टूरिज़्म के समावेशी विकास पर फोकस को दर्शाता है। खास बात यह है कि 17.1% प्रदर्शक बिल्कुल नए उत्पाद और अनुभव पेश करेंगे, जिससे दक्षिण अफ्रीका के कम-ज्ञात और उभरते गंतव्यों को मुख्यधारा में लाया जा सकेगा।  इस अवसर पर श्री मैनकोट्या ने कहा, “भारत साउथ अफ्रीकन टूरिज़्म के लिए एक बेहद महत्वपूर्ण ग्रोथ मार्केट है। हमारे रोडशो को लेकर भारतीय ट्रैवल इंडस्ट्री में हमेशा ज़बरदस्त उत्साह और भरोसा देखा गया है। इस पहल के ज़रिये हमारा लक्ष्य अपने भारतीय साझीदारों को डेस्टिनेशन की गहरी जानकारी और रणनीतिक टूल्स देना है, ताकि भारत से आने वाले पर्यटकों की संख्या में तेज़ी लाई जा सके।”

भारत न केवल दक्षिण अफ्रीका के लिए एक प्रमुख सोर्स मार्केट है, बल्कि दीर्घकालिक पर्यटन और व्यापारिक रिश्तों को मजबूत बनाने में एक अहम साझेदार भी है। यात्रा को और सुगम बनाना हमारी प्राथमिकता बनी हुई है। इसके लिए ईटीए सिस्टम और टीटीओएस जैसी पहलें भारतीय यात्रियों के लिए वीज़ा प्रक्रिया को तेज़ और सरल बनाने में बड़ी भूमिका निभा रही हैं। इसके अलावा, भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच हवाई कनेक्टिविटी सुधारने और सीधी उड़ानों की संभावित शुरुआत पर भी चर्चा जारी है।

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