लिंक्डइन की एक नई रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष २०२६ में बड़ी संख्या में भारतीय पेशेवर नई नौकरियों की तलाश कर रहे हैं, लेकिन उनमें से लगभग ८४ प्रतिशत खुद को इस बदलाव के लिए तैयार नहीं महसूस कर रहे हैं। भर्ती प्रक्रियाओं में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के बढ़ते उपयोग, बढ़ती प्रतिस्पर्धा और कौशल की कमी के कारण कई पेशेवर असमंजस की स्थिति में हैं। आंकड़े बताते हैं कि वर्ष २०२२ की शुरुआत से अब तक प्रत्येक रिक्त पद के लिए आवेदकों की संख्या दोगुनी से अधिक हो गई है, जिससे बाजार में प्रतिस्पर्धा और भी कठिन हो गई है। इसके साथ ही, लगभग ७४ प्रतिशत नियोक्ताओं का मानना है कि पिछले एक वर्ष में योग्य प्रतिभाओं को ढूंढना और भी चुनौतीपूर्ण हो गया है।
रिपोर्ट में यह भी रेखांकित किया गया है कि वर्तमान में प्रॉम्प्ट इंजीनियर, एआई इंजीनियर और सॉफ्टवेयर इंजीनियर जैसे तकनीकी पदों की मांग सबसे अधिक है, हालांकि सेल्स, साइबर सुरक्षा और ब्रांड रणनीति जैसे क्षेत्रों में भी अच्छे अवसर मौजूद हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि एआई अब करियर निर्माण और प्रतिभा मूल्यांकन का एक बुनियादी हिस्सा बन चुका है। पेशेवरों की मदद के लिए लिंक्डइन अब एआई-संचालित खोज उपकरण (टूल्स) भी प्रदान कर रहा है, जो उन्हें उनकी क्षमताओं के अनुसार सही भूमिकाएं पहचानने में सहायता करते हैं। यह शोध नवंबर २०२५ में लगभग १९,११३ उत्तरदाताओं के बीच किए गए एक व्यापक सर्वेक्षण पर आधारित है।
