भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने पश्चिम बंगाल में लंबे समय तक शुष्क मौसम रहने और तापमान में लगातार वृद्धि होने की संभावना जताई है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, राज्य के अधिकांश हिस्सों में आने वाले दिनों में बारिश के कोई आसार नहीं हैं, जिसके कारण दिन और रात के तापमान में सामान्य से अधिक बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। विशेष रूप से कोलकाता और दक्षिण बंगाल के जिलों में शुष्की और गर्मी का प्रभाव अधिक महसूस किया जा रहा है। मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि हवाओं के बदलते रुख और वायुमंडल में नमी की कमी के कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है, जो सामान्य सर्दी के मौसम के विपरीत है।
बढ़ते तापमान और शुष्क हवाओं के कारण कृषि और स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रभावों को लेकर चिंता जताई गई है। जानकारों का मानना है कि यदि यह शुष्क दौर और अधिक लंबा खिंचता है, तो इससे फसलों की पैदावार प्रभावित हो सकती है और लोगों को स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। कोलकाता में अधिकतम तापमान सामान्य से ३ से ४ डिग्री सेल्सियस ऊपर रहने का अनुमान है, जिससे जनवरी के महीने में भी लोगों को गर्मी का अहसास हो रहा है। मौसम विभाग स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे मौसम के इस बदलाव के प्रति सतर्क रहें।
